Breaking

✨ "विपरीत परिस्थितियां कुछ लोगों को तोड़ देती हैं, और कुछ लोगों को रिकॉर्ड तोड़ने के लिए तैयार करती हैं" — अक्षय जमदग्नि ... 🌟 "आपका भविष्य आपके आज के फैसलों पर निर्भर करता है, ग्रहों की चाल को अपने पुरुषार्थ से बदलें" ... 🚀 "वास्तु सुधारेगा परिवेश, और विचार बदलेंगे आपका भविष्य" ... 💎 "Astro Vastu Kosh: जहाँ ज्ञान, ऊर्जा और प्रेरणा मिलते हैं" ...

🕉️ Astro Vastu Kosh 🔱

ज्योतिष | वास्तु | अंक ज्योतिष

Strategic Clarity by Akshay Jamdagni

27+ वर्षों का अनुभव | वैदिक ज्योतिष | वास्तु परामर्श | अंक ज्योतिष

रविवार, 18 सितंबर 2022

Ramayan : रामायण में शेषनाग किस रूप में जन्मे थे जानिए रामायण की कथा

Ramayan : रामायण में शेषनाग किस रूप में जन्मे थे जानिए रामायण की कथा 

Ramayan : रामायण में शेषनाग किस रूप में जन्मे थे जानिए रामायण की कथा
Ramayan : रामायण में शेषनाग किस रूप में जन्मे थे जानिए रामायण की कथा 


लक्ष्मण जी थे शेषनाग के अवतार प्रभु श्रीराम भगवान विष्णु के अवतार थे. रावण के अत्याचारों से आम जनमानस को बचाने और धर्म की रक्षा के लिए भगवान विष्णु ने भगवान राम के रूप में अवतार लिया था. त्रेतायुग में लक्ष्मण प्रभु राम के आज्ञाकारी छोटे भाई बने.

लक्ष्मण जी थे शेषनाग के अवतार, भगवान श्रीराम के राजतिलक के समय जानिए क्यों नहीं थे मौजूद?

रामायण में जहां जहां प्रभु राम का वर्णन आता है संग में लक्ष्मण का भी वर्णन आता है. वनवास के दौरान छाया की तरह लक्ष्मण प्रभु श्रीराम के साथ रहे. एक पल के लिए वे उनसे अलग नहीं हुए. वनगमन की बारी आई तो वे सबसे पहले तैयार हुए. लक्ष्मण जी की मां का नाम सुमित्रा था. प्रभु राम के अलावा भरत और शत्रुघ्न उनके भाई थे. राम के वे अनुज थे. रामायण के अनुसार राजा दशरथ के वे तीसरे पुत्र थे.

उच्च आर्दशों की प्रतिमूर्ति हैं लक्ष्मण जी. यही कारण था कि भगवान राम भी लक्ष्मण के इन गुणों से प्रभावित थे और उनके प्रति विशेष स्नेह रखते थे. जब लक्ष्मण जी को मेघनाद ने शक्ति अस्त्र का प्रयोग किया और वे मूर्छित हो गए तो प्रभु राम भी दुखी और व्याकुल हो गए.

शेषनाग के अवतार हैं लक्ष्मण जी

लक्ष्मण जी को शेषनाग का अवतार कहा जाता है. लक्ष्मण हर कला में निपुण थे. धनुर्विद्या के वे माहिर थे. वे बहुत जल्द क्रोधित हो जाते थे जिस कारण प्रभु राम को कई बार शांत कराना पड़ता था. बड़े भ्राता के वे भक्त थे. प्रभु राम की वे किसी भी बात को कभी नहीं टालते थे. लक्ष्मण के अंगद और चन्द्रकेतुमल्ल नामक दो पुत्र थे जिन्होंने अंगदीया पुरी और कुशीनगर की स्थापना की थी.

14 वर्षों तक नहीं सोए लक्ष्मण जी

लक्ष्मण जी वनवास के समय भगवान राम और माता सीता की सेवा में ही लीन रहे. कहते हैं कि वे 14 वर्षों तक नहीं सोए. उनके स्थान पर उनकी पत्नी उर्मिला दिन और रात सोती रहीं. मेघनाद का वध इसी कारण लक्ष्मण जी कर सके. क्योंकि मेघनाद को वरदान प्राप्त था कि वहीं उसका वध करेगा 14 वर्षों तक न सोया हो.

भगवान राम के राज्याभिषेक के दौरान सोने चले गए लक्ष्मण जी

वनवास के समाप्त होने के बाद श्रीराम के राजतिलक के समय लक्ष्मण जोर-जोर से हंसने लगे. सभी लोग आश्चर्य में पड़ गए. जब उनसे इस हंसी की वजह पूछी गई तो उन्होंने बताया कि इस शुभ बेला का वे जिंदगी भर इंतजार करते रहे. लेकिन आज जब ये शुभ समय आया है तो उन्हें निद्रा देवी को दिया गया वो वचन पूरा करना होगा जो उन्होंने वनवास काल के दौरान 14 वर्ष के लिए उन्हें दिया था.

कहा जाता है कि लक्ष्मण जी को निद्रा से 14 वर्ष तक दूर रहने के लिए कहा था और उनकी पत्नी उर्मिला उनके स्थान पर सोएंगी. इस बात को निद्रा देवी ने स्वीकार कर लिया लेकिन एक शर्त रख दी थी कि जैसे ही वह अयोध्या लौटेंगे उर्मिला की नींद टूट जाएगी और उन्हें सोना होगा. लक्ष्मण जी इसलिए हंस रहे थे कि वह अपने भ्राता प्रभु श्रीराम का राजतिलक नहीं देख पाएंगे. लक्ष्मण जी के स्थान पर इस शुभ बेला पर उनकी पत्नी उर्मिला उपस्थित हुई थीं.


Scan this QR Code to connect me on Whatsapp

Download


🔮 Astro Vastu Kosh

Strategic Clarity by Akshay Jamdagni

📌 Daily Panchang | Vedic Astrology | Vastu Guidance | Spiritual Wisdom

💥 👨‍👩‍👧‍👦 आपके एक गलत फैसले का असर केवल आप पर नहीं, पूरे परिवार पर पड़ सकता है। 💥

🛑 सही समय, सही दिशा और सही निर्णय जीवन की सबसे बड़ी पूंजी हैं। कई बार जल्दबाज़ी, भ्रम या प्रतिकूल समय में लिया गया निर्णय आर्थिक, व्यावसायिक, पारिवारिक और भविष्य से जुड़े महत्वपूर्ण अवसरों को प्रभावित कर सकता है। इसलिए दैनिक कॉस्मिक एनर्जी (Cosmic Energy), ग्रहों के गोचर, राहुकाल और शुभ-अशुभ समय को समझना अत्यंत आवश्यक है।

🔮 २७+ वर्षों के अनुभव से तैयार सटीक वैदिक पंचांग, दैनिक राशिफल, गोचर विश्लेषण और ज्योतिषीय मार्गदर्शन प्रतिदिन सबसे पहले प्राप्त करने के लिए अभी जुड़ें:

• 🟢 WhatsApp Channel: रोज सुबह सटीक पंचांग, राशिफल और महत्वपूर्ण ज्योतिषीय अपडेट प्राप्त करें।
👉 यहाँ क्लिक करके Follow करें

• 👥 Facebook Page: दैनिक वैदिक ज्ञान, ज्योतिषीय विश्लेषण, राशिफल और विशेष आध्यात्मिक सामग्री के लिए जुड़ें।
👉 यहाँ क्लिक करके Like करें

• 💼 LinkedIn: व्यावसायिक एवं रणनीतिक मार्गदर्शन, करियर काउंसिलिंग और कॉरपोरेट वास्तु विश्लेषण के लिए जुड़ें।
👉 यहाँ क्लिक करके Connect करें

⚠️ व्यक्तिगत ज्योतिषीय परामर्श (Paid Consultation)

दैनिक राशिफल और गोचर केवल सामान्य संकेत प्रदान करते हैं, लेकिन आपके जीवन, करियर, व्यापार, धन, विवाह, स्वास्थ्य और बच्चों की शिक्षा एवं भविष्य से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णयों के लिए व्यक्तिगत जन्म कुंडली का विश्लेषण आवश्यक होता है।

📿 २७+ वर्षों के अनुभव के साथ गहन, प्रामाणिक और व्यक्तिगत वैदिक ज्योतिषीय परामर्श हेतु:

✍️ Astro Vastu Kosh Newsletter

👉 अपनी ईमेल दर्ज करें और विशेष वैदिक ज्योतिषीय विश्लेषण, गहन लेख तथा परामर्श संबंधी अपडेट प्राप्त करें:
👉 परामर्श प्रक्रिया प्रारम्भ करने के लिए यहाँ क्लिक करें


क्या आप अपनी कुंडली या घर का वास्तु दिखाना चाहते हैं?
हमारे Facebook Page से जुड़ें और अपनी समस्याओं का समाधान पाएं।

फेसबुक Page Join करें

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें